Advertisement

चोरी कर लिया पंचायती कागजात...फैक्टरी चलाने का चढ़ा खुमार...

फिंगेश्वर, गरियाबंद : ग्राम बासीन चूना पत्थर के नाम से वर्षों से संचालित फर्शी पत्थर की कालाबाजारी का मामला अब क्षेत्र का ज्वलंत विषय बन चुका है। मामले में ग्राम पंचायत बासीन के सरपंच प्रतिनिधि व उपसरपंच राजू सोनी ने बताया कि खदान क्षेत्र में अवैध फैक्ट्री संचालित कर रहे ठेकेदार ने उनके पूर्व कार्यकाल का लेटरपैड कहीं से हासिल कर, गलत तरीके से फैक्ट्री चलाने का अनापत्ती पत्र बना लिया है। फैक्ट्री संचालक द्वारा प्रस्तुत किए गए नकली व जाली प्रमाण पत्र की रिपोर्ट 10/2/22 को फिंगेश्वर थाना में दर्ज कराई थी।
पिछले कार्यकाल में सरपंच रह चुके बासीन के सरपंच प्रतिनिधि व उप सरपंच राजू सोनी ने बताया कि अवैध रूप से खदान चलाने वाले को पंचायत द्वारा की जा रही कार्रवाई से दस्तावेजों में हेरफेर, जाली प्रमाण पत्र बनवाकर कार्रवाई से बचना चाहा है। लेकिन इस प्रकार बिना अनुमति व स्वीकृति के खदान में खनन करने वाले बच नहीं सकते।
सरपंच सोनी ने बताया कि खदान क्षेत्र में अवैध फैक्ट्री संचालित कर रहे ठेकेदार ने पहले तो उनके, पूर्व कार्यकाल का लेटरपेड कहीं से  प्राप्त अथवा गलत तरीके हासिल किया, फिर फैक्ट्री चलाने का सहमति पत्र बना लिया है। पंचायत द्वारा इस अवैध फैक्ट्री को तत्काल बंद करने व तोड़ने का दो बार नोटिस दिया जा चुका है, बावजूद इसके उक्त फैक्ट्री संचालक द्वारा गलत, नकली प्रमाण पत्र तथा धोखाधड़ी संभवतः पंचायत से लेटरपैड चोरी कर कार्रवाई से बचना चाहा है।
अवैध फैक्ट्रियों की अब शामत...
बासीन की सरपंच शकुन सोनी ने बताया कि अवैध खदान व फैक्ट्री संचालकों पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। पंचायती दस्तावेजों में हेरफेर यह सड्यंत्र विकास कार्यों में बाधा उत्पन्न करता है। ऐसी जालसाजी से पूरा मामला संदिग्ध हो चुका है, अब पंचायत में खदान फैक्ट्री संचालकों द्वारा प्रस्तुत दस्तावेजों की बारीकी से जांच की जा रही है। ग्राम पंचायत की बैठक में इस संबंध में प्रस्ताव भी किया जा चुका है। अवैध रूप से बिना स्वीकृति खदान व फैक्ट्री चलाने वालों की अब अच्छे दिन शायद जाने वाले हैं।
मामला पहुँचा अब थाना...
ग्राम पंचायत बासीन के सरपंच प्रतिनिधि व उप सरपंच राजू सोनी ने बताया कि  उसके द्वारा प्रस्तुत किए गए नकली वजाली प्रमाण पत्र की रिपोर्ट उन्होंने 19 फरवरी को फिंगेश्वर थाना में करते हुए जांचकर उक्त लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। सोनी का कहना है कि प्रस्तुत किए गए सहमति प्रमाण पत्र फैक्ट्री संचालक द्वारा अपने हाथ से लिखा/लिखवाया गया है।

إرسال تعليق

0 تعليقات